कबीरधाम जिले में पांच वर्षीय बालिका के साथ दुष्कर्म के प्रयास के एक संवेदनशील मामले में कबीरधाम पुलिस की त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सामने आई है। महिला थाना कवर्धा में दर्ज अपराध क्रमांक 36/2025 के प्रकरण में माननीय विशेष न्यायालय (फास्ट ट्रैक), पॉक्सो कबीरधाम ने आरोपी दशरथ लाल गुप्ता को दोषी ठहराते हुए 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
यह मामला भारतीय न्याय संहिता की धारा 137(2), 64(1), 65(2), 74 तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत पंजीबद्ध किया गया था। घटना की गंभीरता को देखते हुए कबीरधाम पुलिस ने पूरी संवेदनशीलता और पेशेवर दक्षता के साथ कार्रवाई की। पुलिस ने मात्र 22 दिनों के भीतर चालान प्रस्तुत कर दिया, जबकि ट्रायल शुरू होने के तीन माह के भीतर न्यायालय ने आरोपी को कठोरतम दंड से दंडित किया।
पुलिस महानिरीक्षक राजनांदगांव रेंज अभिषेक शांडिल्य के मार्गदर्शन और पुलिस अधीक्षक कबीरधाम धर्मेन्द्र सिंह के नेतृत्व में इस प्रकरण की लगातार निगरानी की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पुष्पेंद्र बघेल व पंकज पटेल तथा अनुविभागीय पुलिस अधिकारी आशीष शुक्ला के निर्देशन में विवेचना को गति दी गई। महिला थाना प्रभारी भुनेश्वरी राठौर के नेतृत्व में गठित टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर मजबूत विवेचना की। उत्कृष्ट विवेचना और प्रभावी अभियोजन के चलते आरोपी को सजा दिलाने में सफलता मिली। पुलिस अधीक्षक ने महिला थाना टीम के सराहनीय कार्य के लिए उन्हें इनाम देने की घोषणा की है।
5 साल की मासूम के साथ दुष्कर्म के प्रयास, बुजुर्ग आरोपी को 20 साल की सजा


